नोरा फतेही और संजय दत्त के नए गाने 'सरके चुनर तेरी सरके' रीमिक्स पर मचा बवाल! नेशनल कमीशन फॉर वुमेन (NCW) ने महिलाओं के वस्तुकरण का आरोप लगाते हुए भेजा नोटिस। जानें विवाद की पूरी कहानी।
- 'अश्लीलता' और 'महिलाओं के वस्तुकरण' का आरोप: NCW ने मेकर्स और स्टार्स को भेजा नोटिस, गाने पर प्रतिबंध की मांग
Entertainment News : सुपरहिट गाने 'सरके चुनर तेरी सरके' के रीमिक्स (Remix) संस्करण ने रिलीज होते ही एक बड़ा विवाद खड़ा कर दिया है। फिल्म 'दबंग 4' (प्रतीकात्मक नाम) के इस गाने में संजय दत्त और नोरा फतेही नजर आ रहे हैं। गाने के फिल्मांकन (Picturization) को लेकर नेशनल कमीशन फॉर वुमेन (NCW) ने बेहद कड़ा रुख अपनाया है और स्वतः संज्ञान (Suo Motu) लेते हुए कार्यवाही शुरू कर दी है।
1. NCW की आपत्ति: 'महिलाओं का वस्तुकरण' (Objectification of Women)
NCW की अध्यक्ष ने गाने के कुछ दृश्यों और स्टेप्स को "अश्लील," "अपमानजनक" और "महिलाओं को वस्तु के रूप में प्रस्तुत करने वाला" (Objectification) बताया है।
सख्त रुख: आयोग ने एक आधिकारिक बयान जारी कर कहा कि मनोरंजन के नाम पर इस तरह का चित्रण स्वीकार्य नहीं है, जो समाज में महिलाओं की छवि को धूमिल करता हो।
नोटिस जारी: NCW ने फिल्म के निर्देशक, निर्माताओं, और दोनों मुख्य कलाकारों (संजय दत्त और नोरा फतेही) को कारण बताओ नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा है। आयोग ने उनसे पूछा है कि क्यों न इस गाने के सार्वजनिक प्रदर्शन पर प्रतिबंध लगा दिया जाए।
2. विवाद की वजह: संजय दत्त और नोरा फतेही की केमिस्ट्री
90 के दशक के इस मूल गाने (जिसे गोविंदा और ममता कुलकर्णी पर फिल्माया गया था) का यह नया संस्करण अपने "बोल्ड" और "सिडक्टिव" डांस मूव्स के कारण विवादों में है।
सोशल मीडिया पर आलोचना: सोशल मीडिया पर एक वर्ग संजय दत्त और नोरा फतेही की उम्र के अंतर और गाने में उनके बीच के दृश्यों को लेकर तीखी आलोचना कर रहा है। कई यूजर्स ने इसे "अनकम्फर्टेबल" (Uncomfortable) और "ओटीटी" (Over-The-Top) बताया है।
सांस्कृतिक चिंताएं: कुछ संगठनों ने भी गाने के फिल्मांकन पर आपत्ति जताते हुए कहा है कि यह भारतीय संस्कृति के मूल्यों के खिलाफ है और युवाओं पर नकारात्मक प्रभाव डाल सकता है।
3. बॉलीवुड में रीमिक्स और विवादों का पुराना रिश्ता
यह पहली बार नहीं है जब किसी पुराने गाने के रीमिक्स पर अश्लीलता या धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने का आरोप लगा हो।
पैटर्न: बॉलीवुड में क्लासिक गानों को आधुनिक बीट्स के साथ फिर से पेश करने का चलन है, लेकिन अक्सर यह विवादों को जन्म देता है, खासकर जब फिल्मांकन पर सवाल उठते हैं।
कलात्मक स्वतंत्रता बनाम नैतिकता: यह विवाद एक बार फिर कलात्मक स्वतंत्रता और सामाजिक नैतिकता के बीच की पतली लकीर पर बहस छेड़ रहा है।
FAQ - अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
प्रश्न 1: मूल 'सरके चुनर तेरी सरके' गाना किस फिल्म का है?
उत्तर: मूल गाना 1990 के दशक की सुपरहिट फिल्म 'किस्मत' (प्रतीकात्मक नाम) का है, जिसे गोविंदा और ममता कुलकर्णी पर फिल्माया गया था।
प्रश्न 2: NCW इस मामले में क्या कार्यवाही कर सकता है?
उत्तर: NCW मेकर्स और कलाकारों से स्पष्टीकरण मांग सकता है, गाने के कुछ दृश्यों को हटाने या गाने के प्रसारण पर प्रतिबंध लगाने की सिफारिश सेंसर बोर्ड (CBFC) या संबंधित मंत्रालय से कर सकता है।
निष्कर्ष (Conclusion)
'सरके चुनर तेरी सरके' रीमिक्स पर NCW का सख्त रुख बॉलीवुड के लिए एक बड़ी चेतावनी है। मनोरंजन और कलात्मक स्वतंत्रता के नाम पर महिलाओं के चित्रण को लेकर यह विवाद एक बार फिर फिल्म इंडस्ट्री को आत्ममंथन करने पर मजबूर कर रहा है। अब देखना यह है कि मेकर्स और कलाकार आयोग के नोटिस का क्या जवाब देते हैं और क्या यह गाना सेंसर की कैंची से बच पाएगा।

