एलआईसी का नया पेंशन प्लान: रिटायरमेंट के बाद नियमित आय की पूरी गारंटी
एक बार करें निवेश, जीवनभर पाएं मासिक, त्रैमासिक या वार्षिक पेंशन
सिंगल लाइफ और ज्वाइंट लाइफ एन्युइटी विकल्प: परिवार को भी वित्तीय सुरक्षा
. पात्रता, न्यूनतम निवेश सीमा और टैक्स लाभ की पूरी जानकारी
बिजनेस डेस्क (पूर्वांचल न्यूज़ प्रिंट): भारतीय जीवन बीमा निगम (LIC) ने सुरक्षित और आत्मनिर्भर रिटायरमेंट की चाह रखने वाले नागरिकों के लिए एक नई और आकर्षक पेंशन योजना पेश की है। बढ़ती महंगाई और ब्याज दरों के उतार-चढ़ाव के बीच यह योजना उन लोगों के लिए वरदान साबित हो रही है जो अपने भविष्य को वित्तीय रूप से पूरी तरह सुरक्षित करना चाहते हैं।
इस स्कीम की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसमें आपको बार-बार प्रीमियम भरने का झंझट नहीं रहता—केवल एक बार एकमुश्त निवेश (Single Premium) करके आप जीवनभर तय और गारंटीड पेंशन प्राप्त कर सकते हैं।
एकमुश्त निवेश और आजीवन निश्चित आय की गारंटी
एलआईसी की इस नई एन्युइटी आधारित योजना में पॉलिसीधारक को निवेश के समय ही तय पेंशन दर का लाभ मिलता है, जो जीवनपर्यंत अपरिवर्तित रहती है।
पेंशन प्राप्ति के लचीले विकल्प: निवेशक अपनी सुविधानुसार पेंशन का भुगतान मासिक, त्रैमासिक (तीन महीने), छमाही (छह महीने) या वार्षिक आधार पर चुन सकते हैं।
तत्काल एन्युइटी (Immediate Annuity): निवेश करते ही अगले ही महीने से पेंशन शुरू होने का विकल्प मिलता है, जो तुरंत रिटायर होने वाले कर्मचारियों व वरिष्ठ नागरिकों के लिए बेहद उपयुक्त है।
सिंगल और ज्वाइंट लाइफ के दोहरे विकल्प
योजना में पॉलिसीधारकों की पारिवारिक सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए दो मुख्य विकल्प दिए गए हैं:
सिंगल लाइफ एन्युइटी (Single Life): इसमें पॉलिसीधारक को जीवनभर तय पेंशन मिलती है। पॉलिसीधारक के न रहने के उपरांत जमा की गई मूल राशि (Purchase Price) नामित व्यक्ति (Nominee) को सुरक्षित वापस लौटा दी जाती है।
ज्वाइंट लाइफ एन्युइटी (Joint Life): इस विकल्प में मुख्य पॉलिसीधारक के साथ जीवनसाथी (पति/पत्नी) को भी शामिल किया जाता है। मुख्य धारक के बाद जीवनसाथी को पूरी उम्र पेंशन मिलती रहती है और दोनों के न रहने पर नॉमिनी को पूरी मूल राशि लौटा दी जाती है।
लोन और सरेंडर की भी सुविधा
जरूरत पड़ने पर पॉलिसीधारक को संकट के समय लोन लेने की सुविधा भी प्रदान की जाती है। पॉलिसी शुरू होने के निर्धारित समय बाद गंभीर बीमारी या आपातकालीन परिस्थितियों में पॉलिसी को सरेंडर कर जमा राशि वापस पाने का भी प्रावधान रखा गया है।
पात्रता और नियम व शर्तें:
न्यूनतम आयु सीमा: सामान्यतः 30 वर्ष से लेकर अधिकतम 85 वर्ष तक के व्यक्ति इस योजना में निवेश कर सकते हैं।
न्यूनतम निवेश: योजना में न्यूनतम पेंशन की सीमा के अनुरूप निवेश तय किया जाता है, जबकि अधिकतम निवेश की कोई सीमा नहीं है।
टैक्स लाभ: आयकर नियमों के तहत एन्युइटी प्लान में निवेश पर नियमानुसार छूट और लाभ प्राप्त किया जा सकता है।
रिटायरमेंट के बाद आर्थिक आत्मनिर्भरता और परिवार के सम्मानजनक जीवन के लिए एलआईसी की यह नई योजना एक ठोस और भरोसेमंद वित्तीय कवच साबित हो रही है। फाइनेंस से जुडी बड़ी पूरी ख़बरें यहां पढ़ें

