पेट्रोल और डीजल की मूल्य वृद्धि वापस ले केंद्र सरकार : अजय राय
Harvansh Purvanchali6/23/2020 06:27:00 pm
◆ आईपीएफ ने कहा, ''मोदी सरकार बताए कि दुनिया में घट रहे दाम तो भारत में क्यों बढ़ रहे''
By-श्रीराम तिवारी , चकिया/चन्दौली: पिछले दस दिनों में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में लगभग नौ रूपए की वृद्धि के खिलाफ राष्ट्रव्यापी प्रतिवाद के तहत आल इंडिया पीपुल्स फ्रंट व मजदूर किसान मंच ने सरकार से मांग किया कि तत्काल प्रभाव से इस मूल्य वृद्धि को वापस ले और पेट्रोलियम पदार्थों पर लगी एक्ससाइज ड्यूटी समाप्त करे. यह सवाल उठाया कि जब दुनिया में चौतरफा डीजल पेट्रोल के दाम कम हो रहे हैं तो यहां भारत मे क्यूं दामों में वृद्धि हो रही है.प्रतिवाद कार्यक्रम के तहत ईमेल, ट्वीटर आदि से पत्रक भेजे गए और ट्वीटर कैम्पेन भी चलाया गया. यह जानकारी प्रेस को जारी अपने बयान में आल इण्डिया पीपुल्स फ्रंट के प्रवक्ता अजय राय व मजदूर किसान मंच के संयोजक रामेश्वर प्रसाद ने लॉक डाउन के नियम को पालन करते हुए अपने आवास पर धरना देते हुए बताया कि प्रधानमंत्री को भेजे पत्रक में लिखा गया है कि देश कोरोना महामारी के दौर से गुजर रहा है. सरकारी आंकड़ों के अनुसार कोरोना प्रभावित लोगों की संख्या चार लाख के ऊपर पहुंच चुकी है. इस महामारी ने हजारों लोगों की जान ले ली है. देश में बड़ी संख्या में लोग रोजगार से वंचित हुए, छोटे-मझोले उद्योग और खेती किसानी जबर्दस्त संकट के दौर से गुजर रहे है. देश में रोज आत्महत्याओं की खबरें आ रहीं हैं. देश की जनता जब इन संकटकालीन परिस्थितियों से गुजर रही हो तो ऐसे समय सरकार द्वारा पेट्रोल और डीजल की कीमतों में की गयी मूल्य वृद्धि उनके जीवन को और संकट में डाल ना है. इससे महंगाई और बढ़ेगी व आम आदमी को अपनी आजीविका चलाना मुश्किल हो जायेगा. आश्चर्य इस बात का है कि जब इस समय पूरी दुनिया में कच्चे पेट्रोलियम पदार्थो के दामों में कमी हो रही हो तब देश में इसकी कीमतों में वृद्धि करने के पीछे सरकार का तर्क क्या है. साफ है कि जनता की जिदंगी की कीमत पर इस मूल्य वृद्धि से सिर्फ चंद कारपोरेट घरानों और सरकार को ही बेइंतहा फायदा होगा. वरिष्ठ नेता व पूर्व आईपीएस आरएस दारापुरी ने कहा कि मोदी सरकार द्वारा की गयी मूल्यवृद्धि आपराधिक और उनको संकट डालने वाला है. केंद्र सरकार सचमुच में जनता की हितैषी है तो जनता को राहत देने के लिए तत्काल प्रभाव से पेट्रोल और डीजल के दामों में की गयी वृद्धि को वापस लेना चाहिए. और पेट्रोलियम पदार्थों पर लगी एक्ससाइज ड्यूटी को समाप्त करना चाहिए. लॉक डाउन के नियम को पालन करते हुए चकिया में अपने आवास पर आईपीएफ नेता अजय राय, नौगढ़ के भरदूआ में मजदूर किसान मंच के संयोजक रामेश्वर प्रसाद, विघावती देवी, भसौडा में रहीमुदीन,परसिया में गंगा चेरो, शिकारगंज के बलिया कला अमर बहादुर चौहान सहित कई जगह पर धरना देकर प्रतिवाद दर्ज कराया व ईमेल के माध्यम से प्रधानमंत्री को ज्ञापन भेजा.