मंगलवार को जिला मुख्यालय पर 'खाद्य एवं औषधि प्रशासन जिला स्तरीय सलाहकार समिति' की अहम बैठक कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित की गई।
खुले में मीट बेचने वालो को अब होगी परेशानी
चंदौली।आयुक्त खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन (सेक्टर सी, अलीगंज, लखनऊ) द्वारा जारी आदेश के अनुपालन में मंगलवार को जिला मुख्यालय पर 'खाद्य एवं औषधि प्रशासन जिला स्तरीय सलाहकार समिति' की अहम बैठक कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित की गई। अपर जिलाधिकारी (न्यायिक) रतन वर्मा की अध्यक्षता में संपन्न हुई इस बैठक में जनपद में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता सुधारने और सुरक्षा मानकों को सख्ती से लागू करने पर विचार-विमर्श किया गया।
बैठक का संचालन सहायक आयुक्त खाद्य द्वितीय धीरेंद्र प्रताप सिंह के निर्देशानुसार मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी कमल निवास त्रिपाठी द्वारा किया गया।
अपर जिलाधिकारी ने जनपद के समस्त फेरीवालों और छोटे फुटकर खाद्य विक्रेताओं के खाद्य लाइसेंस व रजिस्ट्रेशन जारी करने के लिए विशेष शिविर (कैंप) आयोजित करने के निर्देश दिए। जनपद में संचालित मध्यान्ह भोजन (मिड-डे मील), बाल विकास एवं पुष्टाहार तथा सार्वजनिक वितरण प्रणाली (कोटे के राशन) के तहत बांटे जाने वाले खाद्य पदार्थों के अनिवार्य रूप से सर्विलेंस नमूने (सैंपल) लेने के आदेश दिए गए।
पंडित दीनदयाल उपाध्याय नगर (मुगलसराय) के अधिशासी अधिकारी को निर्देश दिया गया कि वे विशेष अभियान चलाकर खुले में मांस बेचने वाली दुकानों पर तत्काल कानूनी कार्रवाई करते हुए उन्हें बंद कराएं।
जिले में खाद्य कारोबारियों के लाइसेंस और पंजीकरण की संख्या बढ़ाने के लिए अभियान स्तर पर काम करने को कहा गया।
बैठक में जिला विकास अधिकारी श्रीमती श्वेता सिंह, जिला पूर्ति अधिकारी, बेसिक शिक्षा अधिकारी, जिला आबकारी अधिकारी तथा उत्तर प्रदेश व्यापार मंडल के पदाधिकारी मुख्य रूप से उपस्थित रहे।
